
25 अगस्त 2026 के लेख में संपादकीय सुधार: पहले प्रकाशित ₹5745–₹6000 की सीमा के लिए इस लेख में उसी तारीख की मंडीवार नीलामी पर्ची उपलब्ध नहीं थी। इसलिए उसे तीनों मंडियों का पुष्ट भाव मानकर प्रस्तुत नहीं किया जा रहा है। नीचे अपनी उपज की वास्तविक बोली और बिक्री खर्च की तुलना करने का तरीका दिया गया है।
तीनों मंडियों से एक जैसी जानकारी लें
खाजूवाला, रावला और बीकानेर की तुलना करते समय एक ही तारीख और अपने ग्वार की गुणवत्ता का विवरण दें। किसी दूसरे लॉट का अधिकतम भाव आपकी उपज के लिए पक्की खरीद-पेशकश नहीं है। बोली लेने का समय और खरीदार का नाम भी दर्ज करें।
| जाँच | क्या लिखें |
|---|---|
| उपज | ग्वार की किस्म, नमी, सफाई और बेचने की मात्रा |
| बोली | आपके नमूने पर रुपये प्रति क्विंटल और पुष्टि का समय |
| परिवहन | खेत से मंडी तक वाहन का कुल किराया |
| अन्य खर्च | तुलाई, उतराई और लागू कटौती का अलग विवरण |
| भुगतान | कितने दिन में और किस माध्यम से मिलेगा |
शुद्ध प्राप्ति का हिसाब
अनुमानित शुद्ध प्राप्ति = स्वीकार की गई मात्रा × उस लॉट की बोली − आपके जिम्मे आने वाले कुल खर्च। प्रति क्विंटल तुलना के लिए शुद्ध प्राप्ति को उसी स्वीकार की गई मात्रा से भाग दें। खर्च को रकम और मात्रा की एक ही इकाई में लिखें, ताकि वाहन के पूरे किराये को गलती से प्रति क्विंटल खर्च न मान लिया जाए।
यदि भाव में कोई कटौती पहले से शामिल है तो उसे दोबारा न घटाएँ। केवल संभावित बोली मिली हो तो हिसाब को अनुमान के रूप में रखें; अंतिम भुगतान का मिलान तुलाई और बिक्री पर्ची से करें।
मंडी तक भेजने से पहले
- अपने नमूने पर बोली की पुष्टि करें और पूछें कि पूरी खेप की गुणवत्ता अलग मिलने पर क्या प्रक्रिया होगी।
- खरीद का समय, तुलाई और भुगतान की शर्तें लिखकर रखें।
- दूर की मंडी की अतिरिक्त प्राप्ति का मुकाबला अतिरिक्त परिवहन खर्च से करें।
पुराने स्रोत की सीमा
पहले लेख में जुड़ा राजस्थान ग्वार भाव का स्रोत पेज बदलते हुए मंडी रिकॉर्ड दिखाता है। उसे 25 अगस्त 2026 की तीनों मंडियों की समान गुणवत्ता वाली बोली का स्थायी प्रमाण न मानें। किसी मंडी का रिकॉर्ड उपलब्ध न होने का अर्थ शून्य भाव या कारोबार बंद होना नहीं है।






